गर्भ में पल रहे बच्चे को बढ़ते हुए महसूस करने से ज्यादा अच्छे पल और कोई नहीं हो सकते. लेकिन इस दौरान होने वाली कई तरह की परेशानियों से बचने के लिए लगातार डॉक्टर के संपर्क में रहना भी जरूरी होता है.

हाल ही में हुए एक नए शोध के अनुसार वैज्ञानिकों ने गर्भवती महिलाओं की समस्याओं को देखते हुए एक पोर्टेबल डिवाइस तैयार किया है, जिसके जरिए वे गर्भ में पल रहे बच्चे की स्थिति को खुद से जांच सकेंगी. इस पोर्टेबल डिवाइस के जरिए महिलाएं गर्भ में पल रहे बच्चे की हार्ट रेट, गर्भ नाल संबंधी, हाइपोक्सिया यानी नाभि संबंधी स्थिति भी शामिल है.

वैज्ञानिकों के अनुसार यह डिवाइस गर्भधारण, रोकथाम और गर्भावस्था के दौरान संभावित खतरों का जल्द पता लगाने के उद्देश्य से विकसित किया गया है. इस डिवाइस से गर्भवास्था के दौरान होने वाली परेशानियों को जल्द पता चल सकता है और समय से गर्भवती महिला का इलाज किया जा सकता है.

एक न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, विकसित किया गया नया डिवास भी पारंपरिक कॉर्डियोटोकोग्राफी टेक्नॉलजी डिवाइस (सीटीजी) की तरह ही काम करता है. हालांकि नया डिवाइस बहुत छोटा और पोर्टेबल है. ऐसे में इस डिवाइस को गर्भवती महिलाएं कहीं भी ले जा सकती है और आसानी से इसके जरिए गर्भ में पल रहे बच्चे के स्वस्थ की जांच कर सकती है.

इस डिवाइस को महिला के बेट में बेल्ट की तरह से बांधा जाता. इसे परीक्षण करने में महज तीन मिनट लगते हैं. इसके बाद यह डिवाइस डाटा एकत्रित कर मेडिकल टेली मॉनिटरिंग सेंटर को भेजता है, जहां से पूर्व रूप से प्रशिक्षित लोग विशेषज्ञ परिणाम निकालते हैं.